भागलपुर अजगैबीनाथ धाम में एक साथ तीन शिवलिंग, श्रीराम ने की थी पूजा; जानिए क्यों देवघर नहीं जाते यहां के महंत
मिथिलानी डेस्क भागलपुर। विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेले के शुभारंभ के साथ ही अजगैवीनाथ धाम (सुल्तानगंज) में देश-विदेश से लाखों शिवभक्तों का महासैलाब उमड़ पड़ा है। पवित्र उत्तरवाहिनी गंगा से जल भरकर कांवड़िए बाबा बैद्यनाथ के जलाभिषेक के लिए देवघर की ओर प्रस्थान कर रहे हैं।
अजगैवीनाथ धाम के महंतों द्वारा बैद्यनाथ मंदिर में प्रवेश न करने की सदियों पुरानी परंपरा का रहस्योद्घाटन किया गया है, जो भगवान शिव के एक दिव्य वचन से जुड़ा है। यह लेख अजगैवीनाथ मंदिर की अनूठी विशेषताओं, जैसे तीन शिवलिंग और उत्तरवाहिनी गंगा के महत्व पर भी प्रकाश डालता है।
पौराणिक एवं धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, श्रावण मास में जब समस्त देवलोक विश्राम अवस्था में होता है, तब भगवान भोलेनाथ माता पार्वती के साथ पृथ्वीलोक पर साक्षात विराजमान रहकर भक्तों के कष्ट हरते हैं। मान्यता है कि सावन भर शिवशंभू अजगैबीनाथ और बैद्यनाथ धाम में साक्षात वास करते हैं।
