मधुबनी जिले में गरीब और जरूरतमंद परिवारों को पक्का मकान उपलब्ध कराने की दिशा में प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। वित्तीय वर्ष 2024-25 और 2025-26 के लिए जिले में कुल 96 हजार गरीब परिवारों को पक्का घर उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए प्रशासन की ओर से लगातार आवास निर्माण और लाभार्थियों को सहायता राशि उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है।
अब तक जिले में 28 हजार 66 लाभार्थियों के पक्के मकान का निर्माण पूरा हो चुका है। इससे लंबे समय से कच्चे घरों में रहने वाले परिवारों को बड़ी राहत मिली है। बारिश के दौरान छत से पानी टपकने, दीवारों में सीलन और अन्य परेशानियों के बीच रहने वाले लोगों के लिए पक्का मकान सुरक्षित और बेहतर जीवन की उम्मीद लेकर आया है।
59 हजार से अधिक लाभार्थियों को मिली किस्त
आवास निर्माण को गति देने के लिए जिले के 59,249 चयनित लाभार्थियों के बैंक खातों में योजना की प्रथम, द्वितीय और तृतीय किस्त की राशि भेजी जा रही है। प्रशासन द्वारा डीबीटी के माध्यम से सीधे बैंक खाते में राशि उपलब्ध कराई जा रही है, जिससे लाभार्थियों को निर्माण सामग्री खरीदने और घर का काम आगे बढ़ाने में सुविधा हो रही है।
समय पर किस्त मिलने से जिन आवासों का निर्माण किसी कारण से अधूरा था, उन्हें भी जल्द पूरा करने में मदद मिल रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में पक्के मकानों की संख्या बढ़ने से परिवारों को मौसम संबंधी परेशानियों से राहत के साथ-साथ सामाजिक सुरक्षा का भी बेहतर एहसास हो रहा है।
आवास निर्माण की होगी लगातार निगरानी
उप विकास आयुक्त (डीडीसी) तुषार कुमार ने योजना के क्रियान्वयन में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने लाभार्थियों से आवास निर्माण के अलग-अलग चरणों की समय पर जियोटैगिंग कराने की अपील की है।
अधिकारियों को भी निर्माण कार्य की नियमित निगरानी करने और पात्र लाभार्थियों को निर्धारित समय पर सहायता राशि उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। प्रशासन का प्रयास है कि तय लक्ष्य के अनुसार अधिक से अधिक जरूरतमंद परिवारों को जल्द पक्का मकान मिल सके।
कच्चे घरों से पक्के आशियाने तक का सफर
प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत बन रहे पक्के मकान ग्रामीण परिवारों के जीवन में बड़ा बदलाव ला रहे हैं। सुरक्षित घर मिलने से परिवारों को बारिश और मौसम की अन्य परेशानियों से राहत मिल रही है। साथ ही बच्चों की पढ़ाई और परिवार के लिए बेहतर रहने का वातावरण तैयार होने की उम्मीद भी बढ़ी है।
मधुबनी में आवास योजना की प्रगति से साफ है कि प्रशासन अब निर्माण पूरा कराने के साथ-साथ लाभार्थियों को समय पर किस्त उपलब्ध कराने और अधूरे आवासों को पूरा कराने पर विशेष ध्यान दे रहा है।
