बेनीपुर अनुमंडल को सुखाड़ क्षेत्र घोषित करने की मांग तेज हो गयी है. किसान सभा ने कहा कि खेतों में दरारें पड़ रही हैं और धान के पौधे सूख रहे हैं. बैठक में सरकार से तत्काल राहत कार्य शुरू करने की मांग की गयी.
दरभंगा सूखाग्रस्त इलाका: अलीनगर प्रखंड के हरसिंहपुर-दाथ पंचायत स्थित हरसिंहपुर पैक्स भवन परिसर में गुरुवार को किसान-मजदूरों की बैठक हुई. गंगा सदा की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में किसानों और मजदूरों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की गयी. बिहार राज्य किसान सभा के संयुक्त सचिव श्याम भारती ने कहा कि महंगाई के कारण किसान और मजदूर दोनों परेशान हैं.
खाद-बीज और डीजल महंगा होने से बढ़ी परेशानी
बैठक में श्याम भारती ने कहा कि खाद, बीज, डीजल और बिजली की कीमत बढ़ने से खेती की लागत लगातार बढ़ रही है. ऐसे में किसानों के लिए खेती घाटे का सौदा बनती जा रही है.
उन्होंने कहा कि खेती की लागत बढ़ने के बावजूद किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है. इससे किसान-मजदूर परिवारों पर आर्थिक दबाव बढ़ रहा है.
खेतों में पड़ रही दरारें, सूख रहे धान के पौधे
किसान सभा के संयुक्त सचिव ने कहा कि बेनीपुर अनुमंडल इस समय सुखाड़ की स्थिति से जूझ रहा है. खेतों में दरारें पड़ रही हैं और धान के पौधे सूख रहे हैं.
उन्होंने सरकार से बेनीपुर अनुमंडल को अविलंब सुखाड़ क्षेत्र घोषित करने की मांग की. साथ ही प्रभावित किसानों के लिए तत्काल राहत कार्य शुरू करने की अपील की, ताकि फसल प्रभावित होने की स्थिति में किसानों को आर्थिक सहायता मिल सके.
किसानों ने भी रखी अपनी समस्याएं
बैठक में मौजूद किसान और मजदूरों ने भी खेती और रोजगार से जुड़ी समस्याओं पर अपनी बात रखी. वक्ताओं ने कहा कि महंगाई और कृषि लागत बढ़ने का सीधा असर ग्रामीण परिवारों की आर्थिक स्थिति पर पड़ रहा है.
बैठक में जिला किसान काउंसिल के सचिव रामसागर पासवान, रमन पासवान, काशीनाथ ठाकुर, परवेज आलम, रामस्वरूप चौपाल समेत अन्य लोगों ने भी अपने विचार रखे.
बैठक के दौरान किसानों की समस्याओं को लेकर आगे भी आवाज उठाने और सरकार से राहत की मांग करने पर जोर दिया गया.
